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​इनेलो की रैली में जोश दिखा मुद्दा नहीं






Gohana, 07 Oct,2018 NewsRoots18
इंडियन नेशनल लोकदल की गोहाना रैली में पेरोल पर चल रही इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला भी पहुंचे मंच पर अपने पुराने अंदाज में ओम प्रकाश चौटाला ने भाषण दिया चौटाला के भाषण में साफ दिख रहा था कि लंबे अरसे से पार्टी से जुड़े कार्यकर्ता कहीं छूट न जाए उन्हें साफ रखने की चुनौती को स्वीकार करते हुए ओम प्रकाश चौटाला ने संबोधन किया चौटाला ने भाषण के दौरान कहा कि दोबारा जेल जाने से पहले ऐसा प्रबंध करना चाहूंगा कि बच्चों को निशुल्क शिक्षा मिले गरीब आदमी की बीमारी का इलाज सुनिश्चित किया जाए ओम प्रकाश चौटाला ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा चौटाला ने कहा कांग्रेस समझती है की ओम प्रकाश चौटाला के जेल जाने के बाद पार्टी खत्म हो जाएगी लेकिन हमारे कार्यकर्ताओं ने मेरे जेल जाने के बाद पार्टी को और मजबूत बनाया है कांग्रेस ने​​ तो साजिश के तहत मुझे जेल भिजवाने का काम किया है उन्होंने कहा पढ़े लिखे नोज देने के लिए मुझे 10 साल की सजा हुई थी लेकिन हम फिर से नोकरी देने का काम करेंगे उसके लिए चाहे मुझे फांसी पर क्यों न चढ़ना पड़े।





चौटाला के बोलने पर लोगों ने  हूटिंग करना शुरू कर दिया। हूटिंग कर रहे लोगो को चौटाला ने कहा कि अगर शोर मचाओगे तो मैं चला जाता हूँ। चौटाला ने कहा कि जो लोग पार्टी का माहौल बिगाड़ने का काम करेंगे मैं उन्हें पार्टी में नहीं रखूंगा। चौटाला ने कहा कि लोकसभा और विधानसभा चुनाव के लिए अच्छे उमीदवारों को मैदान में उतरेंगे। चौटाला ने कहा कि मेरे पिता देवीलाल के साथी रहे शंकर सिंह बघेला गुजरात के पूर्व ही नहीं भावी मुख्यमंत्री भी है।


इनेलो बसपा गठबंधन को बनाये रखने के लिए चौटाला नामुमकिन को मुमकिन करने का राग एकबार फिर अलापते दिखे। चौटाला ने कहा कि हम विपक्षी दलों को साथ मिलाकर बहन मायावती को प्रधानमंत्री बनाने का काम करेंगे।


उन्होंने कहा कि देवीलाल ने हर महीने 100 रुपए बुढापा पेंशन देने का काम किया था, हमारी सरकार बनने पर 100 रुपये डेली यानी 3000 रुपए महीना देने का काम करेंगे।




वहीं नेता प्रतिपक्ष और इनेलो नेता अभय चौटाला ने दावा करते हुए कहा कि इनेलो बसपा की सरकार बनने पर किसानों का कर्ज माफ किया जाएगा। अभय ने कहा कि उन्होंने एसवाईएल के निर्माण के लिए जेल भरी, संसद का घेराव किया। सरकार को चेतावनी देते हुए अभय ने साफ कर दिया कि 1 नवंबर से पहले एसवाईएल का निर्माण शुरू नहीं हुआ तो इनेलो बसपा फिर से आंदोलन करेगी।

रैली में सजा याफ्ता ओमप्रकाश चौटाला के शामिल होने से कार्यकर्ताओं में तो जोश दिखा, लेकिन इनेलो के नेता मंच पर मुद्दा विहीन ही नज़र आए। इनेलो और बसपा ने ताऊ जिंदाबाद के नारे जोर शोर से लगाये और ओमप्रकाश चौटाला को लौह पुरुष बताते हुए सम्मानित भी किया। इनेलो ने सरकार बनने के बाद किसानों, मजदूरों और युवाओं के लिए वायदे तो कई किये, लेकिन प्रदेश की भाजपा सरकार के खिलाफ कोई मुद्दा उठाने में नाकाम रहे। केवल अभय चौटाला एसवाईएल के राग को अलाप आंदोलन करने की बात कहते दिखाई दिए।



जाटलैंड और हूड्डा के गढ़ में इनेलो ने रैली में भीड़ जुट एक बार फिर राजनीतिक पकड़ मजबूत दिखाने की कोशिश की है। लेकिन ये तो आने वाले चुनाव ही बताएंगे कि इनेलो कितनी मजबूत है और चाचा -भतीजे की भीतर ही भीतर पकने वाली खिचड़ी का स्वाद कैसा होगा या कार्यकर्ताओं को एक बार फिर खाने के लिए बेस्वाद ही मिलेगी।

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